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मढ़ौरा लोकोमोटिव फैक्ट्री से 51वां Export Locomotive रवाना, रेल मंत्री और मुख्यमंत्री ने दिखाई हरी झंडी

छपरा के मढ़ौरा प्लांट में बड़ी उपलब्धि. ठीक एक साल पूर्व प्रधानमंत्री मोदी ने हरी झंडी दिखा पहले अंतरराष्ट्रीय स्तर के निर्यात इंजन जो अफ्रीकी देश गिनी भेजा गया था.

#छपरा, 19 जून | आज सारण में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि दर्ज कि गयी. सारण के मढ़ौरा प्लांट में 51वाँ Export Locomotive को आज केन्द्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव व बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने हरी झंडी दिखाई. बता दें कि सारण सांसद सह पूर्व केंद्रीय मंत्री राजीव प्रताप रूडी द्वारा केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव व बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से मढ़ौरा स्थित डीजल लोकोमोटिव फैक्ट्री का विशेष निरीक्षण करने व क्षेत्र में औद्योगिक गतिविधियों को और सुदृढ़ करने के विषय पर विस्तृत चर्चा के लिए आग्रह किया गया था.

मढ़ौरा लोकोमोटिव फैक्ट्री से 51वां Export Locomotive रवाना, रेल मंत्री और मुख्यमंत्री ने दिखाई हरी झंडी

200 एकड़ में फैली है अत्याधुनिक फैक्ट्री

जानकारी हो कि मढ़ौरा स्थित लोकोमोटिव फैक्ट्री भारतीय रेलवे और जनरल इलेक्ट्रिक (GE) की साझेदारी से स्थापित देश की अत्याधुनिक रेल इंजन निर्माण इकाइयों में से एक है. लगभग 200 एकड़ क्षेत्र में फैली यह फैक्ट्री उच्च क्षमता वाले आधुनिक रेल इंजनों के निर्माण के लिए जानी जाती है. जनरल इलेक्ट्रिक (GE) विश्व की प्रतिष्ठित औद्योगिक एवं प्रौद्योगिकी कंपनियों में से एक है, जिसकी स्थापना वर्ष 1892 में महान आविष्कारक थॉमस अल्वा एडिसन की पहल से हुई थी. ऊर्जा, परिवहन, विमानन और औद्योगिक प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में GE का वैश्विक योगदान रहा है. 

मेक इन इंडिया को मिल रही मजबूती, गिनी के लिए भेजा गया था पहला निर्यात इंजन

मढ़ौरा परियोजना भारत में आधुनिक रेल विनिर्माण क्षमता को मजबूत करने तथा स्थानीय आर्थिक विकास को गति देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल मानी जाती है. आत्मनिर्भर भारत और मेक इन इंडिया अभियान के तहत, यहां बने पहले अंतरराष्ट्रीय स्तर के निर्यात इंजन जो अफ्रीकी देश गिनी के लिए था, को 20 जून, 2025 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया था.

स्थानीय विकास और रोजगार की बढ़ेंगी संभावनाएं

मढ़ौरा लोकोमोटिव फैक्ट्री से लगातार हो रहे उत्पादन और निर्यात से सारण क्षेत्र में औद्योगिक विकास को गति मिलने की उम्मीद है. साथ ही स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी पैदा हो रहे हैं.

#chapra #saran #MakeInIndia


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